टनकपुर: भीषण गर्मी में भी मां पूर्णागिरि धाम में उमड़ रहा श्रद्धालुओं का सैलाब

टनकपुर: भीषण गर्मी में भी मां पूर्णागिरि धाम में उमड़ रहा श्रद्धालुओं का सैलाब

टनकपुर, अमृत विचार। भीषण गर्मी में भी मां पूर्णागिरि धाम मेले में श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा है। बीते 26 मार्च से शुरू मां पूर्णागिरि धाम मेले का समापन 15 जून को होने जा रहा है। मेला अवधि के दौरान अभी तक 30 लाख से भी अधिक श्रद्धालु मां पूर्णागिरि धाम में पहुंचकर माता के दर्शन कर चुके हैं। इस समय भारी संख्या में श्रद्धालु धाम में पहुंच रहे हैं।

वहीं नेपाल के महेंद्र नगर और ब्रह्मदेव मंडी स्थित सिद्धनाथ मंदिर में भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। मान्यता है कि मां पूर्णागिरि धाम के दर्शन के बाद सिद्धनाथ मंदिर के दर्शन करने से ही यह धार्मिक यात्रा पूरी मानी जाती है। 
 इस बार उत्तराखंड के साथ ही उत्तर प्रदेश के पीलीभीत, बरेली, कासगंज, बदायूं, मैनपुरी, इटावा, लखनऊ, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, कानपुर, लखनऊ, शाहजहांपुर, पूरनपुर, हरदोई, मेरठ, मुरादाबाद, आगरा, बाराबंकी के अलावा देश के कोने-कोने से मां पूर्णागिरि धाम पहुंचे।

वहीं पड़ोसी देश नेपाल से भी भारी संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचे। यह पहला अवसर है जब भीषण गर्मी के बाद भी इस समय भारी संख्या में श्रद्धालु मां पूर्णागिरि धाम में दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं। मेले के समापन को देखते हुए धाम में श्रद्धालुओं की आवाजाही  खासी बढ़ गई है। हर रोज 20 से 25 हजार श्रद्धालु इस समय मां के दरबार पहुंच रहे हैं। 15 जून को मेला समापन होने के बाद 16 जून को मेला क्षेत्र से अतिरिक्त पुलिस फोर्स हटा ली जाएगी और मेले में चिकित्सा, सफाई, अस्थाई बिजली व्यवस्था, रैन बसेरा, ध्वनि इंटरकॉम जैसी सुविधाएं भी हट जाएंगी। इन सुविधाओं के हटने पर श्रद्धालुओं को खासी परेशानी झेलनी पड़ सकती है।

मां पूर्णागिरि धाम मेले में व्यवस्थाएं बढ़ाने की मांग उठाई
टनकपुर। मां श्री पूर्णागिरि मंदिर समिति के अध्यक्ष पंडित किशन चंद्र तिवारी ने जिलाधिकारी नवनीत पांडेय को ज्ञापन भेज पूर्णागिरि मेले में व्यवस्थाएं एक सप्ताह और बढ़ाने की मांग उठाई है। डीएम को भेजे ज्ञापन में उन्होंने कहा है कि इस समय भारी संख्या में श्रद्धालु मां पूर्णागिरि धाम आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि ककरालीगेट से भैरव मंदिर तक अस्थाई बिजली व्यवस्था हटा देने से मेला समापन के बाद रात्रि के समय श्रद्धालुओं को पूर्णागिरि मार्ग में आने-जाने में भारी परेशानी हो सकती है। उन्होंने मेला समापन के बाद एक सप्ताह और मुख्य व्यवस्थाएं मेले में सुचारू रखने की मांग की है।