पुजा-पाठ में आम की लकड़ी ही क्यों होती हैं इस्तेमाल?

पुजा-पाठ में आम की लकड़ी ही क्यों होती हैं इस्तेमाल?

लखनऊ, अमृत विचारः हिंदू धर्म में किसी भी तरह के पूजा-पाठ या अनुष्ठान में हवन बेहद ही शुभ माना जाता है। हम सभी ने कभी न कभी अपने घर, ऑफिस में हवन किया होगा। तब एक सवाल दिमाग में जरूर गूंजता होगा की हवम में आम की लकड़ी (Aam ki Lakdi) ही क्या मंगाई जाते है। इसी का इस्तमाल क्यों होता है। किसी और पेड़ की लकड़ी क्यों प्रयोग में नहीं लाई जाती है। तो आइए आपके हर सवालों को इस खबर में दूर करते हैं।

आम की लकड़ी का इस्तेमाल
मान्यता अनुसार हिंदू धर्म में आम की लकड़ी को उर्वरता, पवित्रता और देवत्व का प्रतीक माना गया है। इसी वजह से आम की लकड़ियों से हवन (Hawan) किया जाता है। शादी में भी इसी लकड़ी का इस्तेमाल किया जाता है। नए वर और वधू के जीवन में नकारात्मक शक्तियां खत्म होती है। इसके अलावा किसी भी शुभ काम में आम की लकड़ी का इस्तमाल होता है। 

शास्त्रों में हवन 
हवन किसी भी वजह से किया जाए, लेकिन उसमें आम की लकड़ी का इस्तेमाल करना बेहद शुभ माना जाता है। हवन में आम की लकड़ी के साथ धूप, देवदारों की लकड़ियां, कपूर, चंदन, अक्षत, लोबान, गुलाब की पंखुड़ी और फूल मिलाकर हवन किया जाता है। शास्त्रों के अनुसार हवन करने से नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है। जिस स्थान पर हवन किया जाता है, वहां पर सकारात्मक ऊर्जा का वास होता है।

क्या कहते हैं वैज्ञानिक कारण?
वैज्ञानिकों ने अपनी रिसर्च में यह पाया है कि आम की लकड़ी से कार्बन डाइऑक्साइड (CO2) बाकी सभी लकड़ी की तुलना में कम निकलती है।साथ ही यह काफी ज्वलनशील भी होती है। रिसर्च के अनुसार आम की लकड़ी को जलने से फार्मिक एल्डिहाइड (Formic Aldehyde) नाम की गैस निकलती है, जो कई तरह के बैक्टीरिया और जीवाणु को नष्ट कर देती है। साथ ही साथ वातावरण को भी शुद्ध कर देती है। शुद्धता की वजह से हमेशा हवन करने के लिए आम की लकड़ियों का इस्तेमाल किया जाता है। इसे धार्मिक और वैज्ञानिक दोनों ही तरह से सिद्ध किया जा चुका है।

आम की लकड़ियों से हवन करने का फायदा
-आम की लकड़ी के इस्तेमाल करने से वातावरण शुद्ध होता है।
-आम की लकड़ी बहुत ही लाभदायक होती है। यह घर से सारी नकारात्मक शक्तियों को दूर रखती है। 
-हवन में आम की लकड़ियों का इस्तेमाल करने से मानसिक तनाव दूर हो जाता है, जो अंदर से शांति का अहसास दिलाता है। 
-घर में बच्चे के जन्म होने पर हवन कराने से ग्रह दोषों नहीं होते हैं, जो उसे स्वस्थ जीवन प्रदान करता है। 
-आम की लकड़ी से हवन करने पर आसपास के कई तरह के बैक्टीरिया भी खत्म हो जाते हैं।

यह भी पढ़ेः जयंती पर आज पूजे जाएंगे भगवान विश्वकर्मा, कारखानों, मंदिरों और समेत कई संस्थानों में होगी पूजा, जानें क्या है मान्यता

ताजा समाचार

प्रयागराज: परिषदीय स्कूलों में 2012 के विज्ञापन के अनुसार भर्ती प्रक्रिया शुरू करने की मांग खारिज
लखनऊ: वक्फ विधेयक पारित होने पर मुस्लिम नेताओं व संगठनों की प्रतिक्रिया, जानें किसने क्या कहा?
प्रयागराज: गरीबों की जमीन पर जबरन कब्जा करने के मामले में इरफान सोलंकी को मिली सशर्त जमानत
हरदोई: डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक का बड़ा एक्शन, सीएचसी में तैनात दो नर्सों को हटाया, डॉक्टर पर भी हो सकती है कार्रवाई
हरदोई एसपी का बड़ा एक्शन, कछौना थाने के एसएचओ निलंबित, 8 इंस्पेक्टर और 7 एसआई बदले
संभल : सांसद बर्क ने जामा मस्जिद के सदर से कहा था- मत होने देना सर्वे