जी-7 सम्मेलन में हिस्सा लेने जर्मनी पहुंचे पीएम मोदी का जोरदार स्वागत, लगे ‘भारत माता की जय’ के नारे

म्यूनिख। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी G-7 के 48वें शिखर सम्मेलन में शामिल होने के लिए जर्मनी पहुंच गए हैं। इस दौरान म्यूनिख में एक बवेरियन बैंड ने उनका स्वागत किया। वहीं, जर्मनी में मौजूद भारतीय समुदाय के लोगों ने पीएम मोदी का जोरदार स्वागत किया और भारत माता की जय के नारे लगाए। Glimpses from the …
म्यूनिख। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी G-7 के 48वें शिखर सम्मेलन में शामिल होने के लिए जर्मनी पहुंच गए हैं। इस दौरान म्यूनिख में एक बवेरियन बैंड ने उनका स्वागत किया। वहीं, जर्मनी में मौजूद भारतीय समुदाय के लोगों ने पीएम मोदी का जोरदार स्वागत किया और भारत माता की जय के नारे लगाए।
Glimpses from the special welcome in Munich. pic.twitter.com/DITMr4TPYU
— Narendra Modi (@narendramodi) June 26, 2022
इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी-7 शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे और शक्तिशाली समूह एवं उसके सहयोगी देशों के नेताओं के साथ ऊर्जा, खाद्य सुरक्षा, आतंकवाद से मुकाबला, पर्यावरण और लोकतंत्र जैसे मुद्दों पर चर्चा करेंगे। जर्मनी के चांसलर ओलाफ शोल्ज के निमंत्रण पर प्रधानमंत्री मोदी 26 और 27 जून को होने वाले जी-7 शिखर सम्मेलन में भाग ले रहे हैं। दुनिया के सात सबसे अमीर देशों के समूह जी-7 के अध्यक्ष के रूप में जर्मनी शिखर सम्मेलन की मेजबानी कर रहा है।
Landed in Munich to participate in the G-7 Summit. I look forward to fruitful discussions with world leaders during the Summit. pic.twitter.com/ahajucILW2
— Narendra Modi (@narendramodi) June 26, 2022
प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने ट्वीट किया, ‘‘प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सुबह म्यूनिख पहुंचे… प्रधानमंत्री मोदी जी-7 शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। बाद में शाम में वह म्यूनिख में एक सामुदायिक कार्यक्रम को संबोधित करेंगे।’’ विदेश मंत्रालय (एमईए) के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने एक ट्वीट में कहा, ‘‘जर्मनी के चांसलर ओलाफ शोल्ज के निमंत्रण पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी-7 शिखर सम्मेलन के लिए जर्मनी पहुंचे। प्रधानमंत्री जलवायु, ऊर्जा, खाद्य सुरक्षा, स्वास्थ्य, लैंगिक समानता और अन्य मुद्दों पर जी-7 देशों के नेताओं के साथ चर्चा में भाग लेने के अलावा कई द्विपक्षीय बैठकें भी करेंगे।’’ जी-7 नेताओं के यूक्रेन संकट पर ध्यान केंद्रित करने की उम्मीद है जिसने वैश्विक खाद्य और ऊर्जा संकट को बढ़ावा देने के अलावा भू-राजनीतिक उथल-पुथल को जन्म दिया है।
मोदी ने अपनी यात्रा से पहले एक बयान में कहा, ‘‘शिखर सम्मेलन के सत्रों के दौरान मैं पर्यावरण, ऊर्जा, जलवायु, खाद्य सुरक्षा, स्वास्थ्य, आतंकवाद का मुकाबला, लैंगिक समानता और लोकतंत्र जैसे सामयिक मुद्दों पर जी-7 काउंटी, जी-7 भागीदार देशों और अतिथि अंतरराष्ट्रीय संगठनों के साथ विचारों का आदान-प्रदान करूंगा।’’ विदेश सचिव विनय मोहन क्वात्रा ने शुक्रवार को कहा कि मोदी जी-7 शिखर सम्मेलन से इतर जी-7 के नेताओं और अतिथि देशों के साथ द्विपक्षीय बैठकें और चर्चा करेंगे।
जी-7 शिखर सम्मेलन के मेजबान जर्मनी ने भारत के अलावा, अर्जेंटीना, इंडोनेशिया, सेनेगल और दक्षिण अफ्रीका को शिखर सम्मेलन के लिए अतिथि के रूप में आमंत्रित किया है। मोदी ने कहा कि वह पूरे यूरोप से भारतवंशी समुदाय के सदस्यों से मिलने के लिए भी उत्सुक हैं, जो अपनी स्थानीय अर्थव्यवस्थाओं के साथ-साथ यूरोपीय देशों से भारत के संबंधों को समृद्ध करने में बहुत योगदान दे रहे हैं। जर्मनी से मोदी 28 जून को संयुक्त अरब अमीरात जाएंगे और खाड़ी देश के पूर्व राष्ट्रपति शेख खलीफा बिन जायद अल नाहयान के निधन पर शोक व्यक्त करेंगे। पिछले कई सालों से बीमारी से जूझने के बाद 13 मई को शेख खलीफा का निधन हो गया था।
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