डेंगू बुखार में पपीते के रस का सेवन होता है लाभकारी : डॉ. शिवांका

सहारनपुर। उत्तर प्रदेश के सहारनपुर में डेंगू बुखार का कहर बढ़ता ही जा रहा है। घर-घर में एक या दो सदस्य डेंगू के बुखार से पीड़ित हैं। डेंगू होने पर पपीते का रस, हरा नारियल पानी तथा अन्य लिक्विड पदार्थ का सेवन फायदेमंद होते है। जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. शिवांका गौड ने मंगलवार को बताया …
सहारनपुर। उत्तर प्रदेश के सहारनपुर में डेंगू बुखार का कहर बढ़ता ही जा रहा है। घर-घर में एक या दो सदस्य डेंगू के बुखार से पीड़ित हैं। डेंगू होने पर पपीते का रस, हरा नारियल पानी तथा अन्य लिक्विड पदार्थ का सेवन फायदेमंद होते है। जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. शिवांका गौड ने मंगलवार को बताया कि सरकारी जांच में अब तक 210 मरीजों में डेंगू के लक्षण पाये जाने की पुष्टि हो चुकी है।
जबकि निजी प्रैक्टिस कर रहे चिकित्सकों के अनुसार सहारनपुर जिले में डेंगू फीवर रोगियों की संख्या काफी अधिक है। इण्डियन मेडिकल एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष डॉ. अंकुर उपाध्याय के अनुसार जांच में डेंगू की पुष्टि होने पर प्लेटलेट यदि बीस हजार से कम आते है तो चिकित्सक की देखरेख में हास्पिटल में भर्ती होकर इलाज कराना चाहिये। जबकि डॉ. शिंवाका गौड़ का कहना है कि तीस हजार तक प्लेट लेट्स हो तो रोगी का इलाज घर पर किया जा सकता है।
डॉ. उपाध्याय ने बताया कि डेंगू में रोगी को पपीते का रस, हरा नारियल पानी, मौसमी रस व तरल पदार्थ लेने से ज्यादा फायदा होता है।
उन्होंने बताया कि बकरी का कच्चा दू्ध लेने से कुछ लोगों को उल्टी आ जाती हैं इसलिए दूध हमेशा उबाल कर दिया जाना चाहिए इसको लेने में कोई बुराई नहीं है।