चक्रवाती तूफान बिपोरजॉय: मछली पकड़ने पर रोक, लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का कार्य जारी 

चक्रवाती तूफान बिपोरजॉय: मछली पकड़ने पर रोक, लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का कार्य जारी 

अहमदाबाद। चक्रवाती तूफान बिपोरजॉय के बेहद गंभीर चक्रवाती तूफान में तब्दील होकर सौराष्ट्र-कच्छ तटीय इलाकों में पहुंचने की आशंका के मद्देनजर गुजरात के दक्षिण तथा उत्तरी तटों पर मछली पकड़ने पर रोक लगा दी गई है, साथ ही प्राधिकारी समुद्र तटीय जिलों में रहने वाले लोगों को वहां से हटा कर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा रहे हैं। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।

ये भी पढ़ें - ओडिशा : जगन्नाथ मंदिर के आसपास ड्रोन उड़ाने पर लगी रोक

तटीय देवभूमि द्वारका में अधिकारियों ने बताया कि अब तक करीब 1,300 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा चुका है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने अपने ताजा बुलेटिन में बताया कि ‘अत्यधिक गंभीर चक्रवाती तूफान’ के उत्तर-उत्तरपूर्व की ओर बढ़ने और सौराष्ट्र, कच्छ तथा मांडवी (गुजरात) और कराची (पाकिस्तान) के बीच पाकिस्तान के तटों को 15 जून को दोपहर तक पार करने की संभावना है।

तब तक यह ‘बेहद गंभीर चक्रवाती तूफान’ बन जाएगा और इस दौरान 125-130 किलोमीटर प्रति घंटे से लेकर 150 किलोमीटर प्रति घंटे तक की गति से हवा चलने की संभावना है। बुलेटिन में कहा गया कि रविवार रात तक अत्यधिक गंभीर चक्रवाती तूफान बिपोरजॉय मुंबई से लगभग 540 किमी पश्चिम में, पोरबंदर से 360 किमी दक्षिण-पश्चिम में, देवभूमि द्वारका से 400 किमी दक्षिण-दक्षिण पश्चिम में, नलिया से 490 किलोमीटर दक्षिण-दक्षिण पश्चिम में और पाकिस्तान में कराची से 660 किमी दक्षिण में स्थित था।

अधिकारियों ने कहा कि चक्रवाती तूफान के प्रभाव से तेज हवाएं चलेंगी और क्षेत्र में भारी बारिश होगी, जिससे निपटने के लिए राज्य सरकार ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। उन्होंने कहा कि कच्छ जिले के तटीय इलाकों में धारा 144 लागू की गई है और स्थानीय प्रशासन सौराष्ट्र-कच्छ क्षेत्रों में समुद्र के करीब रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा रहा है।

आईएमडी ने प्रभावित क्षेत्रों में मछली पकड़ने संबंधी गतिविधियों को पूरी तरह से रोकने की सलाह दी है और मछुआरों को 15 जून तक मध्य अरब सागर तथा सोमवार को उत्तर अरब सागर में नहीं जाने का निर्देश दिया गया है। केन्द्र सरकार ने राज्य सरकार को अपतटीय एवं तटवर्ती गतिविधियां नियंत्रित करने के निर्देश दिए हैं, साथ ही सौराष्ट्र तथा कच्छ के तटीय इलाकों सहित कच्छ, देवभूमि, द्वारका, पोरबंदर, जामनगर, राजकोट, जूनागढ़ और मोरी जिलों से लोगों को हटा कर सुरक्षित स्थानों पर ले जाने को कहा है।

आईएमडी ने कच्छ, देवभूमि, द्वारका और जामनगर के कुछ इलाकों में 15 जून को भारी बारिश होने की चेतावनी जारी की है। आईएमडी ने कहा कि तट के करीब सौराष्ट्र क्षेत्र के अन्य जिलों में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा होगी, जबकि उत्तर गुजरात के जिलों में कुछ स्थानों पर भी भारी वर्षा होगी।

ये भी पढ़ें - MP: जबलपुर रैली से पहले प्रियंका गांधी ने की नर्मदा नदी की पूजा-अर्चना 

ताजा समाचार

बहराइच एसपी की बड़ी कार्रवाई: 1, 2 नहीं बल्कि चौकी प्रभारी समेत आधा दर्जन से अधिक पुलिसकर्मियों को किया निलंबित, जानें वजह
Australian Open : आर्यना सबालेंका और झेंग किनवेन दूसरे दौर में, ऑस्ट्रेलियाई ओपन में पहले दिन बारिश ने डाली बाधा 
कासगंज: भरभराकर जमींदोज हुआ ईटों से बना लेंटर, दबकर तीन लोग घायल
कानपुर में उत्तर जिलाध्यक्ष के चुनाव में हंगामा, चुनाव अधिकारी की दिया जूते का बुके: VIDEO सोशल मीडिया में वायरल
कासगंज: आलू व्यापारी का अपहरण नहीं, उठा कर ले गई थी दिल्ली की पुलिस
Kanpur में सीएमओ ने CHC का किया निरीक्षण: अस्पताल परिसर में मिली गंदगी, 9 स्वास्थ्य कर्मी भी गायब मिले, एक दिन का वेतन रुका