नैनीताल: रोते बिलखते हाईकोई पहुंचे अंकिता के परिजन, साक्ष्य मिटाने का लगाया अरोप

नैनीताल, अमृत विचार। अंकिता के माता-पिता गुरुवार सुबह अचानक हाईकोर्ट पहुंचे, जहां बेटी को न्याय ना मिलने पर दुखी होकर वह गेट पर ही रोने-बिलखने लगे। वे यहां पौड़ी के श्रीकोट से दायर याचिका की सुनवाई के लिए पहुंचे थे। अंकिता के पिता वीरेंद्र भंडारी ने कहना है कि अब तक सरकार द्वारा एसआईटी से …
नैनीताल, अमृत विचार। अंकिता के माता-पिता गुरुवार सुबह अचानक हाईकोर्ट पहुंचे, जहां बेटी को न्याय ना मिलने पर दुखी होकर वह गेट पर ही रोने-बिलखने लगे। वे यहां पौड़ी के श्रीकोट से दायर याचिका की सुनवाई के लिए पहुंचे थे।
अंकिता के पिता वीरेंद्र भंडारी ने कहना है कि अब तक सरकार द्वारा एसआईटी से कराई गई जितनी भी जांच हुई है वह उससे असंतुष्ट हैं। वह अपनी बेटी को न्याय दिलाने के लिए लड़ाई लड़ेंगे और सीबीआई की मांग करेंगे। उन्होंने कहा कि जागो उत्तराखंड के तहत उनकी बेटी के लिए चंदा इकट्ठा किया जा रहा है, लेकिन सरकार अपना मुख्य उद्देश्य तो भूल ही गई है।
उन्होंने अरोप लगाते हुए कहा कि उनकी बेटी को न्याय दिलाना की जगह सरकार उसके नाम पर चंदा मांग कर पैसे दबा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार ने साजिश के तहत आरोपियों को बचाने की कोशिश की है और सारे साक्ष्य मिटाए हैं। वहीं अंकिता की माता सोनी भंडारी का कहना है कि अब सरकार का ना तो कोई जनप्रतिनिधि उनसे मिलने आता है ना ही उनसे किए वादे निभाए जा रहे हैं। उनकी बेटी को न्याय नहीं दिलाया जा रहा। केवल आरोपियों को बचाने की कोशिश में सारे साक्ष्य मिटाए गए हैं।