काशीपुर: प्रधानाचार्यों के पदों को पदोन्नति से भरने की मांग

काशीपुर: प्रधानाचार्यों के पदों को पदोन्नति से भरने की मांग

काशीपुर, अमृत विचार। राजकीय पॉलिटेक्निक शिक्षक संघ की ओर से एक ऑनलाइन बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में प्रधानाचार्यों के पदों पर सीधी भर्ती समाप्त कर इन पदों को पदोन्नति से भरने का मुद्दा छाया रहा।

एसोसिएशन अध्यक्ष मुकेश बाबू की अध्यक्षता में हुई संघ की ऑनलाइन बैठक में बेसिक साइंस, आईटी के साथ ही प्रधानाचार्यों की लंबित पदोन्नति, प्राचार्य के पदों पर सीधी भर्ती समाप्त कर सभी 100 प्रतिशत पदों को पदोन्नति से भरने की मांग की गई।

इसके अतिरिक्त वक्ताओं ने कहा कि विगत 6 वर्षों से नई भर्तियां नहीं होने से शिक्षकों को दोगुना कार्य करना पड़ रहा है। जिससे वह अत्यधिक दबाव में कार्य करने को विवश हो रहे हैं। साथ ही एक शिक्षक-विभागाध्यक्ष के पास चार से पांच प्रभार भी हैं। कहा कि विभाग में नए शिक्षकों की शीघ्र भर्ती करने व प्रयोगशाला सहायकों के पद सृजन करवाने के लिए शासन स्तर पर वार्ता कर दबाव बनाया गया है।

इसके अतिरिक्त अधिकारियों द्वारा महिला कार्मिकों को दिए जाने वाले बाल्य देखभाल अवकाश (सीसीएल) में कोताही बरतने का आरोप लगाया गया। सदस्यों ने वर्तमान व्हाट्स एप, ई- मेल आदि के युग में सीसीएल एवं अर्जित अवकाश के लिए 15 दिन की पूर्व निर्धारित समय-सीमा कम कर 5 दिन करने की मांग की।

कहा कि काशीपुर, देहरादून में ही मूल्यांकन केंद्र होने से सुदूर पहाड़ में कार्यरत शिक्षकों को लंबी यात्रा करने पर मजबूर होना पड़ता है। महिला शिक्षिकाओं के लिए यह और भी अधिक कष्टकारी हो जाता है। राज्य की पर्वतीय स्थिति को देखते हुए अल्मोड़ा, श्रीनगर आदि परिसरों में मूल्यांकन केंद्र बनाए जाने की भी मांग की गई। संचालन महासचिव डॉ. प्रजापति पलड़िया ने किया। वहां पर संघ उपाध्यक्ष महेंद्र लाल टम्टा, कोषाध्यक्ष अमरदीप, उपसचिव राजेश कोहली, सुमित किमोठी, आंचल राणा, प्रभाकर सिंह आदि मौजूद रहे।