सूरज हत्याकांड: पिटाई के बाद गला दबाकर की गयी थी हत्या, पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आई एंटी मॉर्टम इंजरी
दोबारा कराए गए पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुआ खुलासा, DM ने CMO से मांगा जवाब
.jpg)
गोंडा, अमृत विचार। नगर कोतवाली क्षेत्र के रानी बाजार के रहने वाले सूरज गुप्ता की हत्या गला दबाकर की गयी थी। हत्या से पहले आरोपियों ने उसकी पिटाई भी की थी। मृतक सूरज गुप्ता के शव के दोबारा कराए गए पोस्टमार्टम रिपोर्ट में इसका खुलासा हुआ है। अयोध्या में कराए गए पोस्टमार्टम के बाद आई रिपोर्ट ने पहली पीएम रिपोर्ट पर सवाल खड़ा कर दिया है। पहली पीएम रिपोर्ट में सूरज गुप्ता की मौत हार्ट अटैक से होने का जिक्र किया गया था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुई इस गड़बड़ी पर डीएम ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी से जवाब तलब किया है। वहीं इस घटना के खुलासे में हुई हड़बड़ी ने पुलिस कार्यशैली की भी पोल खोल दी है।
नगर कोतवाली क्षेत्र के रानी बाजार के रहने वाले गल्ला व्यापारी धर्म प्रकाश के बेटे सूरज गुप्ता की 28 मई को हत्या कर दी गई थी। हत्या के बाद उसका शव कोतवाली क्षेत्र के लालपुर चंद्रभान गांव के निकट फेंक दिया गया था। तीन दिन बाद 31 मई को पुलिस ने सूरज गुप्ता के दोस्त राम नेवटिया व उसके एक अन्य सहयोगी शिवा को गिरफ्तार कर घटना का खुलासा किया था। पुलिस के मुताबिक दोनों हत्यारेपियों ने वारदात को अंजाम दिए जाने के बाद कबूल की थी लेकिन मृतक की पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने पुलिस की कहानी को उलझा दिया था।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सूरज की मौत हार्ट अटैक से होने का जिक्र था जबकि पुलिस ने इसे गला दबाकर की गयी हत्या का मामला बताया था। पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार भी किया था लेकिन पीएम रिपोर्ट ने पुलिस की कहानी को उलझा दिया था। मामले में नगर कोतवाली पुलिस ने शव का दोबारा पोस्टमार्टम कराने के लिये डीएम से अनुमति मांगी थी।
डीएम के आदेश के बाद रविवार को नगर कोतवाली पुलिस ने सक्षम मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में सरयू किनारे दफन किए गए सूरज गुप्ता के शव को खोदकर उसका अयोध्या में दोबारा पोस्टमार्टम कराया था। अयोध्या में कराए गए पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मृतक सूरज गुप्ता की गला दबाकर हत्या किए जाने की पुष्टि हुई है। नगर कोतवाल राजेश सिंह ने बताया कि मृतक के शरीर पर एंटी मॉर्टम इंजरी के निशान भी पाए गए हैं। कहा गया है कि हत्या से पहले सूरज की पिटाई भी की गयी थी।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भिन्नता को लेकर निशाने पर सीएमओ
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मिली भिन्नता ने इसकी विश्वसनीयता पर सवाल खड़ा कर दिया है। इसको लेकर से स्वास्थ्य महकमा जिला प्रशासन के निशाने पर आ गया है। जिलाधिकारी नेहा शर्मा ने इस मामले में मुख्य चिकित्साधिकारी डा रश्मि वर्मा से जवाब तलब किया है।
पीएम रिपोर्ट तैयार करने वाले डाक्टरों पर हो सकती है कार्रवाई
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुई गड़बड़ी के मामले में इस रिपोर्ट को तैयार करने वाले डाक्टरों पर कार्रवाई की तलवार लटक गयी है। रिपोर्ट में हार्ट अटैक का जिक्र क्यों किया गया इसकी जांच करायी जा रही है। डीएम ने सीएमओ से इसी विषय पर जवाब मांगा है। माना जा रहा है कि सीएमओ से जवाब मिलने पर इस रिपोर्ट को तैयार करने वाले डाक्टरों पर कार्रवाई की जा सकती है।
यह था पूरा मामला
मृतक सूरज शहर के बड़े गल्ला व्यापारी धर्म प्रकाश का बेटा था। वह ब्याज पर रुपये देने का कारोबार करता था। जिस किसी को वह रुपये देता था उससे ब्याज के तौर पर मोटी रकम वसूलता था। उस भारी भरकम ब्याज से पाया लेने वाला कभी उबर नहीं पाता था। राम नेवटिया जो उसके बचपन का दोस्त था उसने भी अपना कारोबार करने सूरज से पैसे लिए थे लेकिन वापस नहीं कर सका था। सूरज अपना पैसा वापस मांग रहा था। इसी बात को लेकर दोनों में विवाद हुआ था। इसके बाद राम नेवटिया ने सूरज को सबक सिखाने का प्लान तैयार किया।
इस प्लान में उसने अपने पिता की दुकान पर काम करने वाले शिवा को भी शामिल किया। 28 मई को उसने सूरज को फोन कर बुलाया और अपनी कार मे बिठाकर घुमाने ले गया। पोर्टरगंज के पास तीनों ने शराब पी। जवाब सूरज पूरी तरह से नशे में हो गया तो राम नेवटिया व शिवा ने बिजली के तार से उसकी गला दबाकर हत्या कर दी। हत्या के बाद सूरज का शव लालपुर चंद्रभान गांव के समीप सड़क किनारे फेंककर आरोपी फरार हो गए थे।
ये भी पढ़ें:- लखनऊ: नैमिषारण्य तीर्थ में 5000 महिलायें करेंगी सुंदरकाण्ड महायज्ञ