लखनऊ : कैसे करें लॉ एंड आर्डर बरकरार, इन बातों को लेकर विभाग को करना पड़ रहा इंतजार…जानें क्या है वजह

लखनऊ : कैसे करें लॉ एंड आर्डर बरकरार, इन बातों को लेकर विभाग को करना पड़ रहा इंतजार…जानें क्या है वजह

अमृत विचार, लखनऊ। राजधानी में कमिश्नरेट प्रणाली लागू होने के बाद से शहर की सुरक्षा व्यवस्था और लॉ एंड आर्डर को बरकरार करने के लिए पुलिसिंग में सुधार किए जा रहे हैं। इसके तहत राजधानी में पांच नए थाने और चौकियां भी बनाई गई हैं। इन सबके बीच पुलिस विभाग की कईं विंग्स में पुलिसकर्मियों …

अमृत विचार, लखनऊ। राजधानी में कमिश्नरेट प्रणाली लागू होने के बाद से शहर की सुरक्षा व्यवस्था और लॉ एंड आर्डर को बरकरार करने के लिए पुलिसिंग में सुधार किए जा रहे हैं। इसके तहत राजधानी में पांच नए थाने और चौकियां भी बनाई गई हैं। इन सबके बीच पुलिस विभाग की कईं विंग्स में पुलिसकर्मियों का अभाव बना हुआ है। इसको लेकर पुलिस आयुक्त ध्रुवकांत ठाकुर ने शासन को पत्र भी लिखा है।

ट्रैफिक कर्मियों का अभाव

लखनऊ में ट्रैफिक पुलिसकर्मियों की कमी के कारण अक्सर राहगीरों को जाम में फंसना पड़ता है। आरटीओ विभाग की मानें तो शहर में करीब 41 लाख से भी ज्यादा रजिस्टर्ड वाहन हैं। इनमें 33 लाख वाहन रोजाना सड़कों दौड़ते हैं। इन वाहनों पर नियंत्रण पाने के लिए विभाग में पर्याप्त मात्रा में ट्रैफिक पुलिसकर्मी नहीं है। डीसीपी ट्रैफिक सुभाष शाक्य के मुताबिक, मौजूदा समय में विभाग के पास ट्रैफिक पुलिसकर्मियों की कमी है। इनकी मांग की जा रही है। इसकी रिपोर्ट पुलिस आयुक्त लखनऊ को भेजी गई है। इसके साथ ही ट्रैफिक कंट्रोल करने के लिए विभाग ने 80 टू-व्हीलर की मांग की है।

पद                           स्वीकृत          कार्यरत              रिक्त

ट्रैफिक सिपाही             1554             456                  1095
ट्रैफिक हेड कांस्टेबल       403            189                     219
ट्रैफिक सब इंस्पेक्टर        198             78                      120
ट्रैफिक इंस्पेक्टर               21             09                        12

महिला पुलिसकर्मियों का अभाव

शहर की जनसंख्या की अपेक्षा पुलिस विभाग में महिला पुलिसकर्मियों का भी टोटा बना हुआ है। पहले भी लखनऊ पुलिस आयुक्त ने शासन को पत्र लिखकर 840 महिला पुलिस कर्मियों की मांग की थी। जल्द करीब 500 महिला पुलिसकर्मियों के मिलने की संभावना है। इन महिला आरक्षियों की ट्रेनिंग खत्म होते ही उनकी तैनाती की जाएगी।

महिला पुलिसकर्मियों के लिए राजधानी में 100 पिंक बूथ शहर में बने है। इनमें 70 पिंक बूथ शुरु हो चुके हैं। सार्वजनिक स्थलों पर गश्त करने के लिए महिला सिपाहियों को 100 पिंक स्कूटी भी दी गई है। इसके अलावा पिंक बूथ पर तैनात महिला सिपाही को सीयूजी नंबर भी दिया गया है।

जरा इनकी भी सुनें

इस सम्बन्ध में पुलिस आयुक्त ध्रुवकांत ठाकुर ने बताया कि महिला पुलिसकर्मियों की कमी को देखते हुए शासन को पत्र प्रेषित किया जा चुका है। महिला सिपाहियों की ट्रेनिंग पूरी होने पर उन्हें थानों पर तैनात किया जाएगा।

डीसीपी ट्रैफिक सुभाष शाक्य का कहना है कि विभाग में ट्रैफिक पुलिसकर्मियों की भारी कमी है। यही वजह है कि पीआरडी भारी मात्रा में पीआरडी जवान की मांग की गई है। ताकि विभाग को कुछ राहत मिल सके।

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