काशी विश्वनाथ कॉरिडोर: लोकार्पण के बाद वाराणसी के हर घर में पहुंचेगा बाबा का प्रसाद

वाराणसी। उत्तर प्रदेश की प्राचीन नगरी वाराणसी को विश्व फलक पर धार्मिक पर्यटन के उदाहरण के रूप में प्रतिष्ठित करने के लिये शुरु की गयी काशी विश्वनाथ कॉरिडोर परियोजना के लोकार्पण को ऐतिहासिक बनाने के लिये वाराणसी को सजाने संवारने में स्थानीय निवासियों की भागीदारी को सुनिश्चित करने की अनूठी पहल की गयी है। वाराणसी …
वाराणसी। उत्तर प्रदेश की प्राचीन नगरी वाराणसी को विश्व फलक पर धार्मिक पर्यटन के उदाहरण के रूप में प्रतिष्ठित करने के लिये शुरु की गयी काशी विश्वनाथ कॉरिडोर परियोजना के लोकार्पण को ऐतिहासिक बनाने के लिये वाराणसी को सजाने संवारने में स्थानीय निवासियों की भागीदारी को सुनिश्चित करने की अनूठी पहल की गयी है। वाराणसी के मंडलायुक्त और श्री काशी विश्वनाथ मंदिर कार्यपालक समिति के अध्यक्ष दीपक अग्रवाल ने बताया कि काशीवासियों से लोकार्पण के दिन 13 दिसंबर को अपने घरों पर लाइटिंग करने और दीप जलाने की अपील की गई है।
इसे प्रतियोगिता का रूप भी दिया गया है। इसमें अपने घर को सबसे सुंदर तरीके से सजाने वाले को प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान पाने वाले क्रमश 51, 21 और 11 हजार रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा। उल्लेखनीय है कि काशी विश्वनाथ कॉरिडोर परियोजना का काम अंतिम चरण में है और 13 दिसंबर को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी इसका लोकार्पण करेंगे।
इसके पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की निगरानी में अंजाम तक पहुंचायी जा रही इस योजना के तहत प्रशासन तेजी से पूरे शहर को संवारने में जुटा है। अग्रवाल ने बताया कि शहर के देवालयों, कुंडों और गंगा घाटों की सफाई किये जाने के साथ ही पूरे शहर को रंगबिरंगी रोशनी से सजाया जा रहा है। इसे ऐतिहासिक पल बताते हुये उन्होंने कहा कि गंगा के दोनों किनारे करीब 11 लाख दीप रोशनी बिखेरेंगे। साथ ही शहर के सरकारी भवनों को भी रोशनी से सजाया जा रहा है।
पढ़ें: लखनऊ: टमाटर के साथ अन्य हरी सब्जियों के दामों में आई गिरावट, जानें आज का रेट
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी की ओर से परियोजना का लोकार्पण किये जाने के बाद बाबा विश्वनाथ का प्रसाद घर-घर पहुंचाया जाएगा। लोकार्पण के बाद काशी के हर घर में 13 से 16 दिसंबर के बीच श्री काशी विश्वनाथ न्यास की तरफ से बाबा का प्रसाद और पुस्तिका भी वितरित की जाएगी। अग्रवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री का ड्रीम प्रोजेक्ट अब पूर्णता की तरफ है। इसके लोकार्पण समारोह को यादगार बनाने में योगी सरकार जुटी है। इसका मकसद बदलते भारत की नई तस्वीर को दुनिया के समक्ष पेश करना है। अग्रवाल ने कहा कि सैकड़ों साल बाद श्री काशी विश्वनाथ धाम का जीर्णोद्धार हो रहा है। लोकार्पण से पहले शहर को पूरी तरह से साफ़ सुथरा किया जा रहा है। गंगा के घाटों और कुंडों की सफाई और साज-सज्जा के साथ मंदिरों को आकर्षक तरीके से सजाया जा रहा है।